Month: July 2018

Articles | July 30, 2018

कृषि संकट भाग -04, किसानों को आत्महत्या करने से कैसे रोका जा सकता है ? (पूर्ण कर्ज माफी क्यों नहीं?)

  देश के किसानों को इस संकट से बाहर निकलने के लिए सरकार पूर्ण कर्ज माफी क्यों नहीं कर सकती है? क्यों नहीं कर रही है? ऐसे ही महत्वपूर्ण सवालो […]

Articles | July 29, 2018

नव उदारीकरण की नीतियों को, कांग्रेस ने लागू किया, बीजेपी ने आगे बढ़ाकर देश को बर्बाद किया – प्रोफेसर वासुदेव शर्मा

  भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) धोद तहसील के पार्टी सदस्यों की मीटिंग कॉमरेड लक्ष्मण सिंह शेखावत दूजोद, भगवानाराम नागवा, सबीर खां कासली, बनवारी लाल सरपंच पलथाना तथा भगवान सिंह […]

Articles | July 28, 2018

प्रदेश सरकार द्वारा 25 विभागों को ख़त्म करने के होंगे घातक परिणाम – माकपा 

भोपाल । पहले ही पिछड़े प्रदेश को और पिछाडऩे के लिए प्रदेश सरकार 55 में से 25 विभागों को ख़त्म करने जा रही है। नीति आयोग ने सुझाव भेजा है […]

Articles | July 27, 2018

कृषि संकट भाग -03, न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) का कैलकुलेशन कैसे किया जाता है ?

  सरकार ने जो घोषणा की है, कि हमने न्यूनतम समर्थन मूल्य घोषित किया है, जिसमें लागत पर पचास प्रतिशत मुनाफा जोड़कर बनाया गया है, इसमें गलत फार्मूला लगाकर बनाया […]

Articles | July 24, 2018

कृषि संकट, भाग -02, किसानों की बदहाली की स्तिथि और सरकार की गलत नीतियां

  पिछले 20 वर्षो में 3 लाख से ज्यादा किसानों ने आत्महत्या की है, पिछले कुछ समय में लगभग डेढ़ करोड़ किसानों ने खेती को छोड़कर, शहरों की तरफ पलायन […]

Articles | July 20, 2018

कृषि संकट, भाग -01, कृषि विकास की प्रक्रिया का इतिहास और आजीविका के संसाधन

  साथियों, ये कृषि संकट पर नई सीरीज शुरू की जा रही है, जिसमें कई विडियो और आर्टिकल आयेगे, कोशिश होगी कि हम इस पूरी कृषि संकट को अच्छी तरह […]

Articles | July 14, 2018

राजनीति भाग -19, आर एस एस की “अखंड भारत” की परिकल्पना क्या है?

  आर एस एस, एक नक्शा दिखाता है, जिसको अखंड भारत कहते हैं, ये पूरा भारत है, ये पूरा हिंदू राष्ट्र था, हमको वापस, इस पूरे नक्से पर हिंदू राष्ट्र […]

Articles | July 12, 2018

राजनीति भाग -18, आर एस एस का “राष्ट्रवादी एजेंडा” क्या है ?

  आर एस एस राष्ट्रवादी संगठन है, ऐसा आर एस एस के लोग कहते हैं, आर एस एस का क्या राष्ट्रवाद है, इसको समझते है । यह बहुत ही महत्वपूर्ण […]